मध्यमा परीक्षा-2026 का शुभारम्भ, बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष मृत्युंजय कुमार झा ने किया औचक निरीक्षण
RAJIV.
बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड द्वारा आयोजित मध्यमा परीक्षा–2026 सोमवार से प्रारम्भ हो गयी। परीक्षा के प्रथम दिन बोर्ड के अध्यक्ष मृत्युंजय कुमार झा ने मधुबनी जिले के सूरज नारायण सिंह देव नारायण गुड़मैता परीक्षा केंद्र का औचक निरीक्षण कर परीक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।निरीक्षण के दौरान अध्यक्ष ने परीक्षा कक्षों का भ्रमण कर परीक्षार्थियों की उपस्थिति, प्रश्नपत्र वितरण, उत्तरपुस्तिकाओं की व्यवस्था तथा परीक्षा संचालन से संबंधित सभी प्रक्रियाओं का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने केंद्राधीक्षक तथा शिक्षकों से परीक्षा की व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की और शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष परीक्षा संचालन के लिए आवश्यक निर्देश भी दिए।
अध्यक्ष ने कहा कि बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड द्वारा इस वर्ष मध्यमा परीक्षा के सफल संचालन के लिए विशेष तैयारी की गयी है। परीक्षा केंद्रों पर कदाचारमुक्त वातावरण सुनिश्चित करने के लिए पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की गई है तथा बोर्ड की ओर से लगातार निगरानी की जा रही है। उन्होंने बताया कि सभी केंद्रों को निर्देश दिया गया है कि परीक्षा पूरी तरह पारदर्शी, अनुशासित और शान्तिपूर्ण वातावरण में सम्पन्न करायी जाए।
औचक निरीक्षण के दौरान उन्होंने परीक्षार्थियों से भी बातचीत की और उन्हें निष्ठापूर्वक परीक्षा देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि संस्कृत शिक्षा के विकास के लिए विद्यार्थियों का परिश्रम और अनुशासन अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उल्लेखनीय है कि मध्यमा परीक्षा–2026 का आयोजन 16 मार्च से 19 मार्च तक किया जा रहा है। परीक्षा प्रतिदिन दो पालियों में आयोजित हो रही है। पहली पाली में प्रातःकालीन तथा दूसरी पाली में अपराह्न सत्र की परीक्षा ली जा रही है।
परीक्षा के प्रथम दिन सभी केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित वातावरण में सम्पन्न हुई। बोर्ड अध्यक्ष के औचक निरीक्षण से परीक्षा व्यवस्था में और अधिक सतर्कता तथा अनुशासन देखने को मिला।
